ताजा समाचार बिहार

बिहार: परिवार पर कोरोना का कहर, 4 दिन पहले पिता की मौत, अब पैसों की तंगी ने मां को छीना

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अररिया
Published by: Tanuja Yadav
Updated Sat, 08 May 2021 10:43 AM IST

सार

बिहार के अररिया से मन झकझोरने वाला मामला सामने आया है। यहां चार दिन पहले कोरोना की वजह से पिता की मौत हो गई। पैसों की कमी होने की वजह से बेटी मां को घर ले गई लेकिन चार दिन बाद मां भी दुनिया को छोड़कर चली गई। 

ख़बर सुनें

कोरोना काल के दौरान कई ऐसी कहानियां और तस्वीरें सामने आईं, जिन्होंने हर किसी के मन और दिल को झकझोर कर रख दिया हो। ऐसा ही एक मामला बिहार के अररिया से आया है, जहां आर्थिक तंगी की वजह से मां का इलाज नहीं हो सका और वो इस दुनिया को छोड़कर चली गईं। यही नहीं मां के निधन से चार दिन पहले ही पिता का कोरोना से देहांत हो गया।

ये मामला अररिया जिले के रानीगंज प्रखंड से आया है, जहां कोरोना वायरस से चार ही दिनों के अंतराल में पति-पत्नी की मौत हो गई। बता दें कि चार दिन पहले पूर्णिया में पिता बीरेंद्र मेहता की मौत हो गई और वहीं उनका दाह-संस्कार किया गया। इसके बाद आर्थिक तंगी की वजह से वहीं भर्ती मां को घर ले आया गया। 

बेटी के पास मां के इलाज के लिए पैसे नहीं थे। लेकिन शुक्रवार को मां की स्थिति बिगड़ी तो उन्हें मधेपुरी मेडिकल कॉलेज ले जाया गया लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। इसके बाद बेटी अपनी मृत मां को वापस एंबुलेंस में ही गांव ले आए। हालांकि गांव में लोग दाह-संस्कार के लिए राजी नहीं हुए। इसलिए बड़ी बेटी ने पीपीई किट पहनकर मां के शव को गांव के पास ही खेत में दफना दिया। 

विस्तार

कोरोना काल के दौरान कई ऐसी कहानियां और तस्वीरें सामने आईं, जिन्होंने हर किसी के मन और दिल को झकझोर कर रख दिया हो। ऐसा ही एक मामला बिहार के अररिया से आया है, जहां आर्थिक तंगी की वजह से मां का इलाज नहीं हो सका और वो इस दुनिया को छोड़कर चली गईं। यही नहीं मां के निधन से चार दिन पहले ही पिता का कोरोना से देहांत हो गया।

ये मामला अररिया जिले के रानीगंज प्रखंड से आया है, जहां कोरोना वायरस से चार ही दिनों के अंतराल में पति-पत्नी की मौत हो गई। बता दें कि चार दिन पहले पूर्णिया में पिता बीरेंद्र मेहता की मौत हो गई और वहीं उनका दाह-संस्कार किया गया। इसके बाद आर्थिक तंगी की वजह से वहीं भर्ती मां को घर ले आया गया। 

बेटी के पास मां के इलाज के लिए पैसे नहीं थे। लेकिन शुक्रवार को मां की स्थिति बिगड़ी तो उन्हें मधेपुरी मेडिकल कॉलेज ले जाया गया लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। इसके बाद बेटी अपनी मृत मां को वापस एंबुलेंस में ही गांव ले आए। हालांकि गांव में लोग दाह-संस्कार के लिए राजी नहीं हुए। इसलिए बड़ी बेटी ने पीपीई किट पहनकर मां के शव को गांव के पास ही खेत में दफना दिया। 

Follow Me:

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *