.wpmm-hide-mobile-menu{display:none}
ताजा समाचार बिहार

सियासी संग्राम: पारस गुट के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव आज, दोपहर बाद अध्यक्ष के नाम का होगा एलान

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Thu, 17 Jun 2021 12:17 PM IST

सार

लोक जनशक्ति पार्टी में दो फाड़ होने के बाद अब पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा। इसको लेकर अभी तक सस्पेंस बना था, लेकिन आज इसपर से पर्दा उठ जाएगा। पटना में कार्यकारी अध्यक्ष के घर पर बैठक है।

ख़बर सुनें

बिहार में इन दिनों नई राजनीतिक बिसात बिछाई जा रही है। लोक जनशक्ति पार्टी दो गुटों में बंटी हुई है। पार्टी में वर्चस्व कायम रखने के लिए पारस और चिराग गुट आमने-सामने है। पशुपति पारस को लोक जनशक्ति पार्टी का संसदीय बोर्ड का नया अध्यक्ष बनने के बाद अब पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा। इसपर आज फैसला किया जाएगा। पारस गुट की तरफ से राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक बुलाई गई है। आज ही राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव भी होगा। पशुपति कुमार पारस अपना नामांकन भरेंगे और दोपहर के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष की घोषणा की जाएगी। यह बैठक लोजपा के कार्यकारी अध्यक्ष  चुनाव प्रभारी सूरज भान सिंह के निजी आवास पर होगा। हालांकि पार्टी कार्यालय में चुनावी प्रक्रिया नहीं होने से सवाल उठने लगे हैं। 

कोरोना को लेकर कार्यकारी अध्यक्ष के आवास पर बैठक
पार्टी के भीतर अंदरूनी कलह को देखते हुए चुनाव प्रभारी सूरजभान सिंह के कंकड़बाग टीवी टॉवर स्थित उनके आवास पर बैठक आयोजित की गई है। पारस गुट का कहना है कि कोरोना को देखते हुए कार्यकारी अध्यक्ष के आवास पर बैठक बुलाई गई है। पारस गुट का कहना है कि पार्टी कार्यकर्ताओं की भीड़ इकट्ठे ना हो, इसलिए चुनाव की प्रक्रिया अलग जगह आयोजित की गई है। अगर पार्टी दफ्तर में बैठक या चुनाव प्रक्रिया की जाती तो प्रदेशभर के कार्यकर्ता और नेता शामिल हो जाते। ऐसे में कोरोना संक्रमण बढ़ने का खतरा तेज हो जाता।

दो गुटों में बंटी लोजपा
दरअसल, पिछले कुछ दिनों से लोक जनशक्ति पार्टी ( लोजपा) पर कब्जे की लड़ाई चल रही है। पार्टी चाचा पशुपति कुमार पारस और भतीजा चिराग पासवान के बीच बंट गई है। दोनों गुटों के कार्यकर्ता सड़कों पर हैं। दिल्ली से लेकर पटना तक में दोनों गुटों के कार्यकर्ता एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप करने में जुटे हुए हैं। पशुपति पारस पार्टी में तानाशाही का आरोप लगा रहे हैं। तो चिराग पासवान चाचा पर विश्वासघात का आरोप लगा रहे हैं। 

विस्तार

बिहार में इन दिनों नई राजनीतिक बिसात बिछाई जा रही है। लोक जनशक्ति पार्टी दो गुटों में बंटी हुई है। पार्टी में वर्चस्व कायम रखने के लिए पारस और चिराग गुट आमने-सामने है। पशुपति पारस को लोक जनशक्ति पार्टी का संसदीय बोर्ड का नया अध्यक्ष बनने के बाद अब पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा। इसपर आज फैसला किया जाएगा। पारस गुट की तरफ से राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक बुलाई गई है। आज ही राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव भी होगा। पशुपति कुमार पारस अपना नामांकन भरेंगे और दोपहर के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष की घोषणा की जाएगी। यह बैठक लोजपा के कार्यकारी अध्यक्ष  चुनाव प्रभारी सूरज भान सिंह के निजी आवास पर होगा। हालांकि पार्टी कार्यालय में चुनावी प्रक्रिया नहीं होने से सवाल उठने लगे हैं। 

कोरोना को लेकर कार्यकारी अध्यक्ष के आवास पर बैठक

पार्टी के भीतर अंदरूनी कलह को देखते हुए चुनाव प्रभारी सूरजभान सिंह के कंकड़बाग टीवी टॉवर स्थित उनके आवास पर बैठक आयोजित की गई है। पारस गुट का कहना है कि कोरोना को देखते हुए कार्यकारी अध्यक्ष के आवास पर बैठक बुलाई गई है। पारस गुट का कहना है कि पार्टी कार्यकर्ताओं की भीड़ इकट्ठे ना हो, इसलिए चुनाव की प्रक्रिया अलग जगह आयोजित की गई है। अगर पार्टी दफ्तर में बैठक या चुनाव प्रक्रिया की जाती तो प्रदेशभर के कार्यकर्ता और नेता शामिल हो जाते। ऐसे में कोरोना संक्रमण बढ़ने का खतरा तेज हो जाता।

दो गुटों में बंटी लोजपा

दरअसल, पिछले कुछ दिनों से लोक जनशक्ति पार्टी ( लोजपा) पर कब्जे की लड़ाई चल रही है। पार्टी चाचा पशुपति कुमार पारस और भतीजा चिराग पासवान के बीच बंट गई है। दोनों गुटों के कार्यकर्ता सड़कों पर हैं। दिल्ली से लेकर पटना तक में दोनों गुटों के कार्यकर्ता एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप करने में जुटे हुए हैं। पशुपति पारस पार्टी में तानाशाही का आरोप लगा रहे हैं। तो चिराग पासवान चाचा पर विश्वासघात का आरोप लगा रहे हैं। 

Follow Me:

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *